29
Jun
हे अयोध्या!
हे अयोध्या! तेरी प्राची में उठी घोर बेदर्दी की आग;श्रीराम के चुराए स्वर्ण आभूषण, क्या नष्ट हुआ श्रद्धा का भाग?मंदिर
24
Jun
दान का पइसा खा गया!
दान का पइसा खा गया, बगुलों का महाझुंड!निश-दिन भरती पेटियाँ, जनता उद्गम कुंड!!भगवानों की झाँकियाँ, मंदिर, मठ, बाजार!देखो और चढ़ाओ
22
Jun
आए, गए, ध्यान कुछ कह गए!
(मधुगीति 260615) 2:45आए, गए, ध्यान कुछ कह गए,लख गए, चख गए, वे बदल कुछ गए;ले के कुछ वे गए, और
20
Jun
मातृशक्ति…
पत्थरों की छाती पर गरधमक से पांव रख दूंतो जमीं दरक जाती हैकभी बायें कभी दायेंथोड़ी सी सरक जाती है।वह